विदेश में नौकरी के नाम पर ठगी, दो लोगों से 6.40 लाख की धोखाधड़ी

विदेश में नौकरी ठगी से जुड़ा प्रतीकात्मक चित्र
यह सांकेतिक/प्रतीकात्मक तस्वीर" है |

उद्यम सिंह नगर: आज कल विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी का रैकेट बड़ी तेजी से चल रहा है। हर दूसरे दिन ये खबर आ जाती है कि विदेश में नौकरी पाने के लालच में व्यक्ति ने अपनी गाड़ी कमाई लुटा दी है। और वह ठगी का शिकार हो गया है। व्यक्तियों को ठगो द्वारा विदेश में अच्छा काम और अच्छी सैलरी का झांसा दिया जाता है। जिसमें लोग इनके झांसे का शिकार हो जाते है।


ताजा मामला काशीपुर का है। जहां दो लोगों से 640000 रुपए ठग लिए गए है। विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर, पीड़ितों के नाम– नितिन कुमार और विजेंद्र पाल है। निवासी– रामपुर (यूपी) के बताए जा रहे है।
पीड़ितों ने ठगो के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी है। पूछताछ में उन्होंने पुलिस को बताया कि कुछ महीने पहले उनकी मुलाकात कैफ मलिक निवासी– मसवासी (रामपुर) से हुई थी। तब कैफ मलिक ने उन्हें बताया कि वह कई लोगों की विदेश में नौकरी लगा चुका है। और वह हमारी भी नौकरी लगा सकता है विदेश में, फिर उसने बड़े बड़े सपने दिखाए कि कैसे वह अपनी पैसे की तंगी को खत्म कर सकते है। उसने बताया था कि विदेश में उनकी एक महीने की सैलरी 1 लाख रूपये से अधिक होगी, उसकी बातों को सुनकर हम झांसे में आ गए थे।
कैफ मलिक ने विदेश भेजने में खर्चे के रूप में छः लाख चालीस हजार रुपए ले लिए और दोनों को अक्टूबर (2025) को रूस के लिए रवाना कर दिया ।


वीजा देकर विदेश भेजा, काम न मिलने पर ठगी का खुलासा

रूस पहुंचने पर लोगों द्वारा उनको पता चला कि उनके पास वर्क वीजा नहीं बल्कि ई–वीजा है। जबकि काम करने के लिए वर्क वीजा की आवश्यकता होती है। तब जाकर उनको ठगी का एहसास हुआ। और वह रूस से वापस लौट आए थे। वापस आकर उन्होंने कैफ मलिक से अपने पैसे वापस मांगे तो उसने पैसे देने से साफ इंकार कर दिया ओर उल्टा धमकाने लगा, अब पीड़ितों ने न्याय की गुहार लगाई है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है।


क्या होता है ई–वीजा

ई–वीजा सामान्यतः घूमने के लिए, बिजनेस मीटिंग के लिए या कुछ दिनों के लिए विदेश जाने के लिए होता है।


ऐसा ही मामला दो महीने पहले भी हुआ था दर्ज 

उद्यम सिंह नगर के जिले सितारगंज में भी ऐसा ही मामला दर्ज हुआ था। अमन जहां पुत्री·रिजवान अली निवासी.ग्राम–पंडरी (सितारगंज) उससे भी विदेश भेजने के नाम पर ठगी कर ली गई थी। अमन जहां ने यूके जाने के लिए ठग को लाखों रूपए दिए थे। लेकिन ठग ने उसे यूके के बजाय तुर्की भेज दिया।
वहां से वह बहुत मुश्किलों का सामना करके वापस भारत आ सकी और ठग से पैसे मांगने पर ठग उसे पैसे देने के बजाय उठा धमकाने लग गया । इस मामले पर भी पुलिस ने तहरीर लिखकर मामले की जांच शुरूं कर दी थी।







 



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